83 Romantic Shayari

ना नमाज़ आती है मुझको ना वजू आता है,
सज़दा कर लेता हु मैं जब सामने तू आती है।


खुद-ब-खुद शामिल हो गए तुम मेरी साँसों में,हम सोच के करते तो फिर मोहब्बत न करते।


ज़िन्दगी जब भी किसी साये की तलब करती है
मेरे होंटों पर तेरा नाम मचल जाता है


सकून मिलता है जब उनसे बात होती है,
हज़ार रातों में वो एक रात होती है,

निगाह उठाकर जब देखते हैं वो मेरी तरफ,
मेरे लिए वो ही पल पूरी कायनात होती है।


मुझे ये डर है तेरी आरजू न मिट जाये
बहुत दिनों से तबियत मेरी उदास नहीं


मैं क्या लिखूँ तेरे आँखों के तारीफ में…

कलम की एक-एक बूँद इतराती है तुझे लिखने में…


अब कोई ख्वाब नया दिल में उतरता ही नहीं, बहुत ही सख्त पहरा है तुम्हारी चाहत का…


इससे ज़्यादा तुझे और कितना करीब लाऊँ मैं,
कि तुझे दिल में रख कर भी मेरा दिल नहीं भरता।


ऐ शख्स तेरा साथ मुझे हर शक्ल में मंज़ूर है,
यादें हों कि खुशबू हो, यक़ीं हो कि ग़ुमान हो।


हुस्न-ए-बेनजीर के तलबगार हुए बैठे हैं,
उनकी एक झलक को बेकरार हुए बैठे हैं,
उनके नाजुक हाथों से सजा पाने को,
कितनी सदियों से गुनाहगार हुए बैठे हैं।


जरा छू लूँ तुमको कि मुझको यकीं आ जाये,
लोग कहते हैं मुझे साये से मोहब्बत है।


कोई है जो दुआ करता है
अपनों मे मुझे भी गिना करता है
बोहत खुशनसीब समझते है खुद को हम
दूर रह कर भी जब कोई प्यार किया करता है


कहाँ जाऊंगा मैं तुम्हे छोड़कर,
कि तुम्हारे बिना जब रात नहीं गुजरती,
तो ज़िन्दगी क्या ख़ाक गुजरेगी।


दिल की बातों को आज कहना है तुमको,
धड़कन बनके तेरे दिल में रहना है हमको,
कही रुक ना जाए यह मेरी साँसें,
इसलिए हर पल तेरे साथ जीना है हमको।


तुम्हारे इश्क़ के रंग ओढ़कर ही मैं ख़ुशनुमा हूँ,
तुम ही तो हो मुझमे मैं खुद में कहाँ हूँ।


दिल में है जो बात होंठों पे आने दे,
मुझे जज्बातों की लहरों में खो जाने दे,
आदी हो चुका हूँ मैं तेरी निगाहों का,
अपनी निगाहों के समंदर में डूब जाने दे।


हमें भी नींद आ जाएगी हम भी सो ही जाएँगे
अभी कुछ बे-क़रारी है सितारो तुम तो सो जाओ|


हज़ार बार ली है तुमने तलाशी मेरे दिल की,
बताओ कभी कुछ मिला है इसमें प्यार के सिवा|


अपने हसीन होंठों को किसी परदे में छुपा लिया करो,
हम गुस्ताख लोग हैं नज़रों से चूम लिया करते हैं……..!!!


जरा छू लूं तुमको मुझको यकीन आ जाए,
लोग कहते हैं कि मुझे साए से मोहब्बत है।


आपके आने से ज़िन्दगी कितनी खूबसूरत है,
दिल में बसाई है जो वो आपकी ही सूरत है,
दूर जाना नहीं हमसे कभी भूलकर भी,
हमे हर कदम पर आपकी ज़रूरत है।


खुद-ब-खुद शामिल हो गए तुम मेरी साँसों में,
हम सोच के करते तो फिर मोहब्बत न करते।


जरूरी तो नहीं कि इंसान प्यार की मूरत हो,
जरूरी तो नहीं कि इंसान अच्छा और खूबसूरत हो,
पर सब से सुंदर वह इंसान है जो आपके साथ हो,
जब आपको उसकी जरुरत हो!!


यारो कुछ तो ज़िक्र करो तुम उस की क़यामत बाँहों का
वो जो सिमटते होंगे उन में वो तो मर जाते होंगे


मोहब्बत की कहूँ देवी या तुमको बंदगी कह दूँ,
बुरा मानो न गर हमदम तो तुमको ज़िन्दगी कह दूँ।


ऐ दिल तू धड़कना बंद कर
जब जब तू धड़कता है तब तब उनकी याद आती है
वो तू खुश है अपनी दुनिआ में
जान तो पल पल हमारी जाती है


इश्क़ है या इबादत…
अब कुछ समझ नहीं आता,
एक खूबसूरत ख्याल हो तुम
जो दिल से नहीं जाता।


छुपाना चाहता हूँ तुम्हे अपनी आग़ोश में इस क़दर,
कि हवा भी गुज़रने की इज़ाजत माँगे,
हो जाऊँ मैं मदहोश तुम्हारे इश्क़ में इस क़दर,
कि होश भी आने की इज़ाजत माँगे।


चाहत है या दिल्लगी या यूँ ही मन भरमाया है,
याद करोगे तुम भी कभी किससे दिल लगाया है।


ख़ामोश रात में सितारे नई होते
उदास आँखों में रंगीन नज़ारे नई होते
हम कभी ना करते याद आपको
अगर आप इतने प्यारे ना होते


ऐ बारिश जरा थम के बरस
जब मेरा दोस्त आ जाये तो जम के बरस
पहले ना बरस के वो आ ना सके
फिर इतना बरस के वो जा ना सके


कुछ यूँ तुम मोहब्बत का आगाज़ कर दो,
मेरी ज़िन्दगी में प्यार का एहसास भर दो,
छुप-छुप के देखा करो दूर से हमें,
गुजरो करीब से और नजर-अंदाज़ कर दो।


हमसे ना कट सकेगा अंधेरो का ये सफर
अब शाम हो रही हे मेरा हाथ थाम लो।


अजब मौसम है, मेरे हर कदम पे फूल रखता है,
मोहब्बत में मोहब्बत का फरिश्ता साथ चलता है,
मैं जब सो जाऊँ, इन आँखों पे अपने होंठ रख देना,
यकीं आ जायेगा, पलकों तले भी दिल धड़कता है।


अज़ीज़ इतना ही रक्खो कि जी सँभल जाए
अब इस क़दर भी न चाहो कि दम निकल


हमें तुमसे मोहब्बत है हमारा इम्तिहान ले लो,
अगर चाहो तो दिल ले लो अगर चाहो तो जान ले लो।


सकून मिलता है जब उनसे बात होती है,
हज़ार रातों में वो एक रात होती है,
निगाह उठाकर जब देखते हैं वो मेरी तरफ,
मेरे लिए वो ही पल पूरी कायनात होती है।


तुम्हारा आगोश देता है सुकून-ए-इश्क़ मुझको,
ज़िन्दगी भर अपनी बाहों में यूँही क़ैद रखना मुझे


अगर आए तुम्हे हिचकियाँ,
तो माफ़ करना मुझे,
क्योंकि इस दिल को आदत है,
तुम्हे याद करने की…


ज़िन्दगी तुम मेरी बन जाओ रब से और क्या माँगू,
जीने की वजह बन जाओ बस ये ही दुआ माँगू।


आपकी यादों के साये में गुज़रता है ज़िन्दगी का सफ़र,
आपके ही ख्यालों के रंगों के दायरे में जो रहते हैं सदा।


प्यार के रास्ते बेवफा हो नहीं सकते
हम आपसे खफा हो नहीं सकते
आप बेशक हमें भूल कर सो जाओ
मगर हम आपको याद किये बिना सो नहीं सकते


हमेँ कँहा मालूम था क़ि इश्क़ होता क्या है..! बस, एक ‘तुम’ मिले और ज़िन्दगी…मुहब्बत बन गई!.


जन्म जन्म जो साथ निभाए,
तुम ऐसा बंधन बंध जाओ,
मैं बन जाऊं प्यार भरा दिल,
तुम दिल की धड़कन बन जाओ।


धोखा ना देना कि तुझपे ऐतबार बहुत है,
ये दिल तेरी चाहत का तलबगार बहुत है,
तेरी सूरत ना दिखे तो दिखाई कुछ नहीं देता,
हम क्या करें कि तुझसे हमें प्यार बहुत है।


आप दूर हो लेकिन दिल में यह एहसास होता है,
कोई ख़ास है जो हर वक़्त हमारे दिल के पास रहता है,
वैसे तो करते हैं याद हम सबको,
लेकिन आपकी याद का एहसास हमेशा ख़ास होता है


खुशबू की तरह आसपास बिखर जायेंगे,
सुकून बनकर दिल में उतर जायेंगे,
महसूस करने की कोशिश कीजिये,
दूर होकर भी आपके पास नजर आएंगे।


तुम दूर हो मगर दिल में ये एहसास होता है
कोई है जो हर पल दिल के पास होता है
याद तो सब की आती है मगर
तुम्हारी याद का एहसास ही कुछ ख़ास होता है ….


कहा सिर्फ उस ने इतना के ख़ामोशी है मुझे बहुत पसंद
इतना सुनना था के हम ने अपनी धडकनें भी रोक ली


तेरे खामोश होंठों पर मोहब्बत गुनगुनाती है
तू मेरी है मैं तेरा हूँ बस यही आवाज आती है।


अब ना बातो की जरुरत हैं, निगाहो से अब सारी बात कीजिये
बड़ा उजाला हैं आपके नूर से, जुल्फे खोल के अब रात कीजिये
बड़ी मुद्दत से इंतजार में हूँ, आपके सिरहाने नींद के लिए
अपनी बाहों का सहारा दे के. मुझे ये हसीन खवाब दीजिये


आखों की गहराई में तेरी
खो जाना चाहता हूँ
आज तुझे बाँहों में लेकर
सो जाना चाहता हूँ
तोड़ कर हदे मैं आज सारी
अपना तुझे बना लेना चाहता हूँ! ?


मेरा हर लम्हा चुराया आपने,
आँखों को एक ख्वाब देखाया आपने,
हमें ज़िंदगी दी किसी और ने,
पर प्यार में जीना सिखाया आपने।


सर्द हवाओं ने गालों को छुआ है,
शायद तुमने मेरा नाम लिया होगा,
दिल की धड़कन रुक सी गयी है सीने में,
शायद तुमने मुझे थाम लिया होगा।


हम अपने इख़्तियार की हद से गुजर गए,
चाहा तुम्हें तो प्यार की हद से गुजर गए,
जागी है अपने दिल में गुलाबों की आरज़ू,
जब मौसम-ए-बहार की हद से गुजर गए।


तूने छुआ मेरी रूह को, कुछ इस तरह
कि सदियों तक वो तेरी ग़ुलाम बन गई


तुम्हारे मिलने के बाद नाराज़ है रब्ब मुझसे,
क्योंकि मैं उनसे अब और कुछ मांगता ही नहीं


तेरे रुखसार पर ढले हैं मेरी शाम के किस्से,
खामोशी से माँगी हुई मोहब्बत की दुआ हो तुम।


आ जाओ के हुम्हे अब भी याद करते है
ज़िंदगी से जयादा हुम्हे प्यार करते है
आप जिस रास्ते से गुज़रते भी नहीं
हम उन रास्तो में भी आपका इंतज़ार करते है ।।


एहसास न कर इन जज़्बातों का नज़रों से गिरा दे बेशाक लेकिन
जीना भी मुझे दुस्बार लगे , इतना तो नज़र -अंदाज़ न कर


मैं तुम्हारी कुछ मिसाल तो दे दूँ मगर,
जुल्म ये है कि बे-मिसाल हो तुम।


जब यार मेरा हो पास मेरे, मैं क्यूँ न हद से गुजर जाऊँ,
जिस्म बना लूँ उसे मैं अपना, या रूह मैं उसकी बन जाऊँ।
लबों से छू लूँ जिस्म तेरा, साँसों में साँस जगा जाऊँ,
तू कहे अगर इक बार मुझे, मैं खुद ही तुझमें समा जाऊँ।


अपनी प्यारी आँखों मे छूपालो मुझको,
मोहब्बत तुम से हैं चुरालो मुझको,
धूप हो या सेहर तेरा साथ चलेंगे हम,
यक़ीन ना हो तो आज़मा लो मुझको,
तेरे हर दुख को सह लेंगे हंस के हम,
अपने वजूद की चादर बना लो मुझको,
ज़िंदगी भी तेरे नाम कर दी है हमने,
बस चंद लम्हे सीने से लगा लो मुझको!! ?


सौ बार मरना चाहा उनकी निगाहों में डूब के
वो हर बार निगाहें झुका लेते हैं, मरने भी नहीं देते है


आँखों की चमक पलकों की शान हो तुम,
चेहरे की हँसी लबों की मुस्कान हो तुम,
धड़कता है दिल बस तुम्हारी आरज़ू में,
फिर कैसे ना कहूँ कि मेरी जान हो तुम।


जो तू है प्यार का बादल तो बार-बार बरस,
न भीग पाउँगा मैं तेरे एक नज़ारे से।


आख़री हिचकी तिरे ज़ानूँ पे आए
मौत भी मैं शाइराना चाहता हूँ


तुम्हारी याद मे जीने की आरजू है अभी
कुछ अपना हाल सभालू अगर इजाजत हो


वो करते हैं शिकायत हमसे
कि हम हर किसी को देखकर मुस्कुराते हैं,
शायद उन्हें नहीं पता कि
हमें हर मुखड़े में सिर्फ वो ही नज़र आते हैं।


तुम मिल गए तो मुझ से नाराज है खुदा,
कहता है कि तू अब कुछ माँगता नहीं है।


तुम दूर हो मगर दिल में ये एहसास होता है
कोई है जो हर पल दिल के पास होता है
याद तो सब की आती है मगर
तुम्हारी याद का एहसास ही कुछ ख़ास होता है ….


तुम लाख छुपाओ सीने में एहसास हमारी चाहत का
दिल जब भी तुम्हारा धड़का है आवाज़ यहाँ तक आई है


सिर्फ ख्वाब होते तो क्या बात होती,
तुम तो ख्वाहिश बन बैठे… वो भी बेइंतहा…।


जो तेरे गुलाबी लब मेरे लबों को छू जायें,
मेरी रूह का मिलन तेरी रूह से हो जाये,

ज़माने की साज़िशों से बेपरवाह हो जायें,
मेरे ख्वाब कुछ देर तेरी बाहों में सो जायें,

मिटा कर फ़ासले हम प्यार में खो जायें,
आ कुछ पल के लिये एक-दूजे के हो जायें।


दिन में कब भला रात की रानी ने फ़िज़ा महकाई है,
इसीलिए शायद शहर सोया और तेरी खुश्बू आई है..
शुभरात्रि ?


चुपके से आकर इस दिल में उतर जाते हो,
सांसों में मेरी खुशबु बनके बिखर जाते हो,
कुछ यूँ चला है तेरे इश्क का जादू,
सोते-जागते तुम ही तुम नज़र आते हो।


एक पल के लिए जब तू पास आता है,
मेरा हर लम्हा ख़ास बन जाता है,
सँवरने सी लगती है ये ज़िन्दगी अपनी,
जब भी तू मेरी बाहों में मुस्कुराता है।


मेरे दिल ने जब भी दुआ माँगी है,
तुझे माँगा है तेरी वफ़ा माँगी है,
जिस मोहब्बत को देख के दुनिया को रश्क आये,
तेरे प्यार करने की वो अदा माँगी है।


दिल धड़कने का सबब याद आया
वो तिरी याद थी अब याद आया


तुम्हारी बात लम्बी है दलीलें है बहाने हैं
हमारी बात इतनी है हमारी जिंदगी हो तुम


अपना बनाकर हमें अपनी आग़ोश में भर लो,
होंगे नहीं कभी जुदा हम आज ये वादा कर लो,
बिखर जाएंगे तुमसे अगर जो दूर हो गए,
कल हो सके न हो सके आज चंद बातें कर लो


दिल की धड़कन और मेरी सदा है तू,
मेरी पहली और आखिरी वफ़ा है तू,
चाहा है तुझे चाहत से भी बढ़ कर,
मेरी चाहत और चाहत की इंतिहा है तू।


रिश्ते किसी से कुछ यूँ निभा लो
की उसके दिल के सारे गम चुरा लो
इतना असर छोड़ दो किसी पर अपना
के हर कोई कहे हमें भी अपना बना लो 

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