88 – 2 line status in Hindi

खुद पूछो अपने दिल से कि मुझको भुलाना चाहता है ?
अगर वो हाँ कह दे तो कसम से मोहब्बत छोड़ दूँगा।


जग रूठे तो कहांँ #_परवाह है मुझे….. मगर मर #_जाऊंगी मै जो आंख तुने फेरी…


सिर्फ दो ही वक़्त पर तुम्हारा साथ चाहिए,
एक तो अभी और एक हमेशा के लिये…


वो कोई और चिराग़ होते हैं जो हवाओं से बुझ जाते हैं..
हमने तो जलने का हुनर भी तूफ़ानों से सीखा है..


जिन जख्मो से खून नहीं निकलता समझ लेना
वो ज़ख्म किसी अपने ने ही दिया है।


अब डर लगता है मुझे उन लोगो से,
जो कहते है, मेरा यक़ीन तो करो।


जिस्म फ़िर भी, थक हार कर सो जाता है; दिल का भी, कोई बिस्तर होना चाहिये….


ना इश्क चाहिए , ना Care चाहिए ,
मुझे तो सिर्फ तुम्हारी साथ हमेशा के लिये चाहिए|


बहुत गुरूर था, छत को छत होने का।
एक मंजिल और बनी, और छत फर्श बन गई।।


भूलूँगा अगर तुझे, तो जी ना पाउँगा
याद भी रखा अगर, तो मर जाऊंगा


वास्ता नही रखना तो फिर मुझपे नजर क्यों रखती है,
मैं किस हाल में जिंदा हूँ तू ये सब खबर क्यों रखती है।


हम उस तकदीर के सबसे पसंदीदा खिलौना हैं,
वो रोज़ जोड़ती है मुझे फिर से तोड़ने के लिए।


आज भी वही चाहत है मेरी, तुझे पाने की..काश वो वक्त लौट आये, और मै पा लूँ तुझे..


दिल ❤ में मैं सबको आने देता हूं, पर शक ना करना तू,
जहाँ बस्ती है तू वहाँ किसी को जाने नही देता हूं|


जिस रफ़्तार से तु निकल रही है न जिंदगी ।
एक चालान तो तेरा भी बनता है ।।


बड़े दौर से गुजरे हैं, यह दौर भी गुजर जायेगा
थाम लोग पांवो को, कोरोना भी थम जायेगा


बे-फिजूली की जिंदगी का सिल-सिला ख़त्म,
जिस तरह की दुनिया उस तरह के हम।


शाखें अगर रही तो पत्ते भी आएंगे…
ये दिन बुरे हैं तो अच्छे भी आएंगे।


उनके रूठने का तो मत पूछिये जनाब.. वो तो इस बात पे भी रूठे हैं कि मनाया नहीँ हमने……..


यूं तो किसी चीज के मोहताज नही हम,
बस एक तेरी आदत सी हो गयी है।


आहिस्ता आहिस्ता रूह में उतरा था इश्क़.!!
आहिस्ता आहिस्ता जान निकल रही है अब !!


इस बार वो मुझे लुटे……………., तो पूरी तरह लुटे
आवाज़ किसी को ना आये मगर दिल पूरी तरह टूटे


नजरों में दोस्तों की जो इतना खराब है,
उसका कसूर ये है कि वो कामयाब है।


पलटकर देख लेते तुम तो फिर इकरार हो जाता
उलझनें सारी मिट जाती और फिर से प्यार हो जाता


तू भी खामख्वाह बढ़ रही है ए धूप,
इस शहर में पिघलने वाले दिल ही नहीं हैं।


मोहब्बत हाथ में पहनी गयी चूड़ी की तरह होती है…. खनकती है, संवरती है और आखिर टूट जाती है….


तुमसे हमें भी बहुत प्यार था ,
लेकिन किस्मत बदकिस्मत था।


कदमों में तखतो ताज भी रखे गए मगर ।
हम से तुम्हारी याद का सौदा न हो सका


कद बढ़ा नहीं करते, ऐड़ियां उठाने से
ऊंचाईया तो मिलती हैं, सर झुकाने से।


नींद में सपने दिखाई देते हैं, कभी कुछ अपने दिखाई देते हैं।
सपने जीवन में अनमोल होते हैं, कभी सपने सच्चे दिखाई देते हैं।


इस बार मिलने की शर्त ये रखेंगे,
दोनों अपनी घड़ियाँ उतार फेकेंगे।


*हर चीज़ ले लेते हो दिल पर*
*बस मुझे छोड़ कर*


CUTE, हम बचपन से ही हैं
और जितना CUTE हूँ
उतना साफ दिल से भी हैं |


परखा बहुत गया है
मुझे लेकिन समझा नहीं गया |


गुलाब की तरह हो तुम मां! मेरे मन मंदिर में महकती हो।
ज़िंदगी का सार हो तुम मां! तुम्हीं दिल से मुझे समझती हो।


नफरत करके बढेगी अहमियत उनकी,
क्यों न माफ़ करके शर्मिंदा कर दिया जाये।


जाओ ढुँढ लो हमसे ज्यादा चाहने वाला, मिल जाये तो खुश रहना और ना मिले तो हम फिर भी तुम्हारे है !!


टुटा हुआ हूँ अपनों से, तो अपनों से क्यों गम!
नसीब ही ऐसी है, तो ज़िन्दगी से क्यों गम!


कभी कभी इंसान ना टूटता है ना बिखरता है बस हार जाता है कभी किस्मत से तो कभी अपनों से !


ऐसी कोई #मशीन नहीं हैं इधर से #single घुसू
उधर से #Cute ladki के साथ मैं निकलूँ… :


तबाह होकर भी तबाही दिखती नही,
ये इश्क़ है इसकी दवा कहीं बिकती नहीं।


वो मेरी न हुई तो इसमें हैरत की कोई बात नही,
क्योँकि शेर से दिल लगाये बकरी की इतनी औकात नही !!


मेरी ‪उंगलिया‬कभी दुखती नहीं, जब में ‪‎message‬ करता हु ‪तेरे लिए‬
लेकिन मेरा ‪‎दिल‬ तब दुखता है
जब तेरा ‪Reply‬ नहीं आता
‪मेरे लिए‬


तेरी चाहत तो मुक्कदर है मिले ना मिले दिल को सुकुन जरुर मिलता है तुझे अपना सोचकर..!!


दो मुलाकात क्या हुई हमारी तुम्हारी,
निगरानी में सारा शहर लग गया |


जाओ ढुँढ लो हमसे ज्यादा चाहने वाला,
मिल जाये तो खुश रहना और ना मिले तो हम फिर भी तुम्हारे है !!


अब कहा जरुरत है हाथों मे पत्थर उठाने की,
तोडने वाले तो जुबान से ही दिल तोड देते.


में किसी ओर का नहीं हु फिलहाल

..
कोई तो मेरी हो जाओ


मैं इतना मतलबी नहीं, जो साथ रहने वालों को धोखा दे दूं,
बस मुझे समझना हर किसी के बस की बात नहीं।


ज़िंदा रहने की अब यह तरकीब निकाली है ,
ज़िंदा होने की खबर सब से छुपा ली है


दिल दुखाया करो इजाजत है
भूल जाने की बात मत करना


दुनिया फ़रेब करके हुनरमंद हो गई,
हम ऐतबार करके गुनाहगार हो गए।


गिरना था जो आपको तो सौ मक़ाम थे,
ये क्या किया कि निगाहों से गिर गए।


बेगुनाह कोई नहीं, राज़ सबके होते हैं,
किसी के छुप जाते हैं, किसी के छप जाते हैं |


ज़िन्दगी की हर शाम हसीन हो जाए….,
अगर मेरी मोहब्बत मुझे नसीब हो जाये


अगर नींद आये तो सो जाओ,

रातों को जागने से बिछड़े हुए लौटा नहीं करते।


साथ देने की क्या बात करते हो साहब..
हमने तो उनके साथ छोड़ने में भी उनका साथ दिया..*


नींद चुराने वाले पूछते हैं सोते क्यों नही,
इतनी ही फिक्र है तो फिर हमारे होते क्यों नही।


ख़्वाहिशों के क़ाफ़िले बड़े अजीब होते हैं, ये गुज़रते वहीं से हैं जहाँ रास्ते नहीं होते..


कभी भूल के भी मत जाना मुहब्बत के जंगल मे, यहाँ सांप नहीँ हम सफर डसा करते है..


कभी भूल के भी मत जाना मुहब्बत के जंगल मे,
यहाँ सांप नहीँ हम सफर डसा करते है..


जब से देखा हैं उन्हें मुझे अपना होश नहीं,
जाने क्या चीज़ वो नज़रो से मुझे पिला देतें है।


अगर नींद आये तो सो जाओ,
रातों को जागने से बिछड़े हुए लौटा नहीं करते।


ये उनकी मोहब्बत का … नया दौर है ..
.जहां मैं कल था …. आज कोई और है ..


यह गलत कहा तुमने कि मेरा पता नही है,
मुझे ढून्ढने कि हद तक कोई ढून्ढता ही नही |


ग़ुस्सा तो बहुत आया जब वो ‪‎कमीनी बोली‬ ‪Just go to hell.. लेकिन उसकी ‪Friend को देख के दिल् बोला All is well..


जिद में आकर उनसे ताल्लुक तोड़ लिया हमने,
अब सुकून उनको नहीं और बेकरार हम भी हैं।


कभी भूल के भी मत जाना मुहब्बत के जंगल मे,
यहाँ सांप नहीँ हम सफर डसा करते है..


मिज़ाज़ अपना कुछ ऐसा बना लिया हमने,
किसी ने कुछ भी कहा, बस मुस्करा दिया हमने।


ख़ुशी कहा हम तो “गम” चाहते है,
ख़ुशी उन्हे दे दो जिन्हें “हम” चाहते हे. –


अब किसी और से मोहब्बत कर लूं ऐ सनम,
तो शिकायत मत करना ये बुरी आदत भी मुझे तुमसे ही लगी है।


वक्त‬ ही नहीं ‪मिलता‬ दु:खी होने का.. क्योंकि ‪उम्मीद‬ ही नहीं करता मैं ‪ज्यादा‬ ‪खुशी‬ की..


थोड़े गुस्से वाली थोड़ी नादान हो तुम,
पर जैसी भी हो मेरी जान हो तुम 💏❤️


बेक़सूर कौन होता हैं इस ज़माने में.. बस सबके गुनाह पता नहीं चलते..


फैसला हो जो भी, मंजूर होना चाहिए,
जंग हो या इश्क, भरपूर होना चाहिए।


खता इतनी थी कि उनको पाने की कोशिश की, अगर छिनने की कोशिश करते तो बेशक वो हमारे होते..


हम ना बदलेंगे
वक्त की रफ्तार के साथ,,,
जब भी मिलेंगे
अंदाज़ पुराना होगा….


परवाह नहीं चाहे जमाना कितना भी खिलाफ हो,
चलूँगा उसी राह पर जो सीधी और साफ हो


दो शब्द तसल्ली के नहीं मिलते इस शहर में,
लोग दिल में भी दिमाग लिए घूमते हैं।


तेरी महोब्बत की तलब थी तो हाथ फेला दिए हमने
वरना हम तो अपनी जिंदगी के लिए दुआ नहीं मांगते


उसकी ये मासूम अदा मुझे खूब भाती है,
वो नाराज़ होती है मुझसे और गुस्सा सबको दिखाती है।


जब बिखरेगा तेरी गालों पे तेरी आँखों का पानी,
तब तुझे एहसास होगा की मोहब्बत किसे केहते है


जिद में आकर उनसे ताल्लुक तोड़ लिया हमने,
अब सुकून उनको नहीं और बेकरार हम भी हैं


उसे किसी से इश्क था …
और वो मैं नहीं था …
ये बात मुझसे …
ज्यादा उसे रुलाती थी


कुछ दोस्त सीधे सादे भी अच्छे नहीं लगते.. और कुछ कमीने जान से भी प्यारे होते हैं..


प्यार भरी नज़र ही काफी है
किसी की रग-रग में बसने के लिए।


हल्की हल्की सी सर्द हवा ज़रा ज़रा सा दर्द,
अंदाज अच्छा है ए नवम्बर तेरे आने का।


चुपके से हम ने भेजा था एक गुलाब उसे,
खुशबू ने सारे शहर मैं तमाशा बना दिया..!

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